अलिफ लैला - शहजादा खुदादाद और दरियाबार की शहजादी की कहानी
जैनुस्सनम की कहानी के बाद शहरजाद ने खलीफा को हैरन नगर के बादशाह की कहानी सुनाना शुरू किया। शहरजाद ने बताया कि हैरन नगर का बादशाह अपने जीवन में काफी खुश था, लेकिन उसे इस बात का दुख था कि उसकी एक भी औलाद नहीं है। पचास रानियां होने के बाद भी एक भी बच्चा न होने की वजह से वो रोज ऊपर वाले से बच्चे की दुआ मांगता था। एक दिन उसके सपने में किसी ने आकर कहा कि अपने पास के माली के बाग में जाकर अनार खा लेना। ऐसा करने से तुम्हारे घर में बच्चे हो जाएंगे। वह सुबह होते ही पास के माली के पास गया और उससे खाने के लिए अनार मांगने लगा। उसने चुपचाप बादशाह को अनार दे दिया। अनार मिलते ही बादशाह ने उसे छीलकर 50 दाने खा लिए, क्योंकि उसकी 50 बेगम थी। कुछ दिनों के बाद बादशाह की 49 पत्नियां गर्भवती हो गईं, लेकिन बेगम पिरोज को गर्भ नहीं ठहरा। इस बात से नाराज होकर बादशाह ने उस पत्नी को मारने का आदेश दे दिया। आदेश मिलने के बाद मंत्री ने बादशाह को समझाया कि हो सकता है कि वो गर्भवती हों, लेकिन उनमें लक्षण नजर नहीं आ रहे हों। इसलिए, आप उन्हें मारने के लिए न कहें। इतना सुनकर बादशाह ने कहा, “मैं इस महिला को अपने सामने...